मच्छर छोटे दिखते हैं लेकिन बीमारियों के बड़े कारण बन सकते हैं। खासतौर पर बच्चों के लिए ये और भी खतरनाक हो जाते हैं, क्योंकि बच्चे बाहर खेलते हैं और कई जगहों पर जाते हैं जहां मच्छरों के काटने की संभावना ज्यादा होती है। शाम होते ही मच्छर परेशान करने लगते हैं, लेकिन दिन के समय भी इनसे बचाव जरूरी है, क्योंकि ये घर के कोनों में छिपे रह सकते हैं। एडीज एजिप्टी जैसे मच्छर सुबह और शाम के समय सबसे ज्यादा सक्रिय रहते हैं और यही डेंगू जैसी बीमारियों का कारण बनते हैं।
बाजार में मच्छरों से बचने के लिए कई तरह की कॉइल, इलेक्ट्रिक रिफिल मशीन और स्प्रे मिल जाते हैं, लेकिन इनमें केमिकल्स होते हैं जो सेहत के लिए हानिकारक हो सकते हैं। ऐसे में अगर आप नेचुरल और सेफ तरीका अपनाना चाहते हैं, तो कुछ घरेलू उपाय बहुत काम आ सकते हैं। ये चीजें घर में ही आसानी से मिल जाती हैं और इनके कोई साइड इफेक्ट भी नहीं होते।
मच्छरों को भगाने के लिए कपूर बहुत असरदार उपाय है। आप कपूर को जलाकर घर में रख सकते हैं या उसमें थोड़ी हवन सामग्री मिलाकर सुलगा सकते हैं। इससे घर में अच्छी खुशबू फैलती है और मच्छर भाग जाते हैं। अगर बच्चों को मच्छर ज्यादा काटते हैं, तो नारियल तेल में कपूर मिलाकर त्वचा पर हल्के हाथों से लगा सकते हैं। हालांकि, लगाने से पहले पैच टेस्ट जरूर कर लें।
नीम का तेल भी नेचुरल मच्छर भगाने वाला उपाय है। इसमें एंटीबैक्टीरियल और एंटीफंगल गुण होते हैं जो त्वचा को इंफेक्शन से बचाते हैं। इसे आप बच्चों और अपने शरीर पर लगा सकते हैं। इसी तरह नींबू और नीलगिरी के तेल का मिश्रण भी कारगर माना जाता है। इसे त्वचा पर लगाने के साथ ऑयल डिफ्यूजर में डालने से घर में खुशबू फैलती है और मच्छर पास नहीं फटकते।
सिट्रोनेला तेल का इस्तेमाल भी मच्छरों से बचाव के लिए किया जा सकता है। इसकी नींबू जैसी खुशबू दिमाग को तरोताजा करती है और इसमें मौजूद जीवाणुरोधी गुण त्वचा के लिए भी फायदेमंद होते हैं। इसे भी हल्के हाथों से शरीर पर लगाया जा सकता है।
इन उपायों के साथ कुछ सावधानियां भी जरूरी हैं। बच्चों को फुल स्लीव कपड़े पहनाएं ताकि मच्छर काट न सकें। घर के आसपास झाड़ियों की सफाई रखें और रात में सोते समय मच्छरदानी का इस्तेमाल करें। आप चाहें तो कपूर, पुदीने की पत्तियां और लहसुन को मिलाकर एक नेचुरल मच्छर भगाने वाला स्प्रे भी बना सकते हैं। ये घरेलू उपाय न सिर्फ सुरक्षित हैं बल्कि प्रभावी भी हैं और बच्चों को मच्छरों से बचाने में मदद करेंगे।

