अभिभावकों की सहमति बगैर नहीं खुलेंगे स्कूल,स्कूलों को करने होंगे ये इंतजाम
लखनऊ – केंद्र सरकार द्वारा देश में अनलॉक -5 लागु किया गया है जिसके तहत 15 अक्टूबर से स्कूलो को खोलने का निर्देश दिया गया है, वही राजधानी लखनऊ में जिला प्रशासन ने साफ़ कर दिया है की बिना अभिभावकों की सहमति के बिना स्कूल नहीं खोले जाएंगे।
स्कूल प्रबंधकों और अभिभावक संगठनों के प्रतिनिधियों के साथ के बाद जिलाधिकारी अभिषेक प्रकाश ने साफ किया कि इस दौरान ऑनलाइन कक्षाएं जारी रहेंगी। उन्होंने इसे प्राथमिकता देने को कहा। डीएम ने बताया कि प्रथम चरण में कक्षा 10 व 12, द्वितीय चरण में कक्षा 9 व 11 और तृतीय चरण में फीड बैक आने के बाद छोटे बच्चों के विद्यालय खोलने पर निर्णय लिया जायेगा। डीएम ने कहा कि हर स्कूल में एक मेडिकल रूम बनाया जाए। इसमें दो बेड हो। चिकित्सीय सुविधा उपलब्ध होने के साथ ही चिकित्सीय जानकारी रखने वाला व्यक्ति उपस्थित रहे।
10 अक्तूबर तक इस विषय पर सुझाव मांगे जा रहे हैं। उसके बाद निर्देश जारी किए जाएंगे। शुरुआत में 10वीं, 12वीं, उसके बाद 9वीं और 11वीं कक्षा के छात्रों को बुलाया जाएगा। तीसरे चरण में अन्य बच्चों को स्कूल बुलाया जाएगा।
जिलाधिकारी द्वारा स्कूलों के लिए निर्देश जारी करते हुए कहा गया है की छात्र के कक्षा में आने व जाने के समय पल्स ऑक्सीमीटर, थर्मल स्कैनर से जांच की जाएं। सैनिटाइजर भी रहे स्कूल दो शिफ्टों में 3-3 घण्टे का होगा। एसेम्बली नहीं होगी वही छात्रों के बैठने के स्थान पर, खेल के मैदान में सैनिटाइजेशन किया जाएगा बच्चो को ले जाने वाले वाहनों की क्षमता से आधे बच्चे ही बैठाए जाएं।
वही अभिभावक कल्याण संघ का कहना है की निजी स्कूल प्रबंधन सिर्फ अपना लाभ देख रहे हैं। उन्हें बच्चों की चिंता नहीं है। अभिभावकों पर सहमति देने के लिए भी दबाव बनाया जा रहा है।
15 अक्तूबर से स्कूल शुरू करने पर निजी स्कूलों के संगठनों का कहना है कि परीक्षा शुरू होने जा रहे हैं। बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। पर शासन के निर्देशों के हिसाब से ही स्कूल शुरू किए जाएंगे,अनएडेड प्राइवेट स्कूल एसोसिएशन के अध्यक्ष अनिल अग्रवाल का कहना है की स्कूलों में सैनिटाइजेशन से लेकर थर्मल स्कैनिंग तक की व्यवस्था है। शासन के निर्देश का पालन करते हुए ही स्कूल शुरू किए जाएंगे।