चीन के मसले पर विपक्ष एकमत नहीं, कांग्रेस को नहीं मिला पूरे विपक्ष का साथ
दिल्ली – संसद सत्र चीन के मुद्दे पर बहस कराने को लेकर विपक्ष एकजुट नहीं रह सका,इस मामले में कांग्रेस को कई विपक्षी दलों का साथ नहीं मिल रहा है
मंगलवार को लद्दाख बॉर्डर पर भारत और चीन के बीच जारी तनाव को लेकर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने लोकसभा में बयान दिया. सत्र शुरू होने के पहले से ही सरकार से इस विषय पर बयान देने की मांग होती रही थी. राजनाथ सिंह के बयान के बाद कांग्रेस के नेता अधीर रंजन चौधरी ने उनसे कुछ स्पष्टीकरण मांगा लेकिन स्पीकर उसके लिए तैयार नहीं हुए. इस बात से नाराज़ होकर कांग्रेस ने वॉक आउट करने का फ़ैसला किया. लेकिन कांग्रेस को वॉकआउट में ज़्यादा दलों का साथ नहीं मिला.
कांग्रेस के साथ केवल डीएमके के सदस्यों ने ही वाक आउट किया. जबकि मोदी सरकार की प्रखर विरोधी तृणमूल कांग्रेस के सदस्य सदन में बैठे रहे. तृणमूल कांग्रेस के अलावा बीजेडी, वाईएसआर कांग्रेस, टीडीपी और लेफ्ट पार्टी के सदस्यों ने भी कांग्रेस का समर्थन नहीं किया.
लोकसभा स्पीकर ओम बिरला की अध्यक्षता में सदन के बिजनेस एडवाइजरी कमिटी की बैठक हुई तो उसमें भी यही नज़ारा देखने को मिला. बैठक के बिल्कुल आख़िरी में जब कमिटी के सदस्य अधीर रंजन चौधरी ने सरकार से चीन के मसले पर राजनाथ सिंह के बयान के सदन में चर्चा की मांग की तो कमिटी के दूसरे सदस्य और तृणमूल कांग्रेस के सांसद कल्याण बनर्जी ने उनका समर्थन नहीं किया.