फास्टिंग शुगर बढ़ने पर भूसी का सेवन करें, यह ब्लड शुगर को तुरंत संतुलित कर देगा
डायबिटीज एक ऐसी बीमारी है जिसका कोई स्थाई इलाज नहीं है, लेकिन इसे नियंत्रित किया जा सकता है। डायबिटीज के मरीजों को अपने मेटाबोलिज्म पर विशेष ध्यान देना चाहिए। दरअसल, जो भी हम खाते हैं, अगर उसका शुगर हमारा शरीर ठीक से पचा नहीं पाता है, तो ब्लड शुगर का स्तर असंतुलित हो सकता है। अगर आपका फास्टिंग शुगर लेवल 120 mg/dL से अधिक है, तो इसे नियंत्रित करने के लिए आप इसबगोल (Psyllium husk) का इस्तेमाल कर सकते हैं। इसबगोल में मौजूद फाइबर शुगर मेटाबोलिक रेट को बढ़ाता है और भोजन से निकलने वाले शुगर को पचाने में मदद करता है। साथ ही, यह पैंक्रियाज की कोशिकाओं को सक्रिय करके इंसुलिन के उत्पादन को बढ़ाता है, जिससे शुगर तेजी से पचने लगती है। आइए जानते हैं कि डायबिटीज के मरीजों को इसबगोल का सेवन कैसे करना चाहिए।
इसबगोल का फाइबर ब्लड शुगर को संतुलित रखने में मदद करता है। यह भूख को नियंत्रित करने में भी सहायक होता है। चीनी या कार्बोहाइड्रेट युक्त खाद्य पदार्थों का सेवन शरीर में शुगर के स्तर को बढ़ा देता है। ऐसे में, इसबगोल पाचन तंत्र में एक जेल बनाकर आपको लंबे समय तक भरा हुआ महसूस कराता है। यह भोजन के बीच में लगने वाली भूख को कम करता है और खाने की इच्छा को नियंत्रित करता है। इसके अलावा, यह इंसुलिन के कामकाज को सुधारता है और शुगर को पचाने में मदद करता है।
डायबिटीज में इसबगोल का सेवन कैसे करें?
- दही के साथ:
डायबिटीज के मरीजों के लिए दही के साथ इसबगोल का सेवन फायदेमंद हो सकता है। इसके लिए, लंच से 2 घंटे पहले दही में इसबगोल मिलाकर रख दें। लंच से आधा घंटा पहले इस मिश्रण का सेवन करें। यह आपके भोजन से निकलने वाले शुगर को अवशोषित कर लेगा और डायबिटीज को नियंत्रित रखने में मदद करेगा। - सुबह खाली पेट:
सुबह खाली पेट इसबगोल का सेवन डायबिटीज को मैनेज करने में मददगार हो सकता है, खासकर फास्टिंग शुगर को नियंत्रित करने में। इसके लिए रात को इसबगोल को पानी में भिगोकर रख दें और सुबह खाली पेट इसका सेवन करें। यह आपके ब्लड शुगर लेवल को संतुलित रखने में सहायक होगा।
इसबगोल का नियमित और सही तरीके से सेवन करके डायबिटीज के मरीज अपने ब्लड शुगर लेवल को नियंत्रित रख सकते हैं और स्वस्थ जीवन जी सकते हैं।