बलात्कार मामले में दोषी पाए गए बजिंदर सिंह, कोर्ट ने सुनाई उम्रकैद की सजा
मोहाली कोर्ट ने प्रोफेट बजिंदर सिंह को 2018 के दुष्कर्म मामले में उम्रकैद की सजा सुनाई है। 45 वर्षीय एक महिला ने उन पर रेप का आरोप लगाया था। बजिंदर सिंह हरियाणा के यमुनानगर के निवासी हैं और जालंधर में चर्च ऑफ ग्लोरी एंड विजडम के संस्थापक हैं। वह खुद को यीशु मसीह का दूत बताते हैं और चमत्कारी इलाज करने का दावा करते हैं। हाल ही में उनका एक वीडियो वायरल हुआ था, जिसमें वह मारपीट करते हुए नजर आ रहे थे।
पीड़िता का कहना है कि बजिंदर सिंह ने मोहाली स्थित अपने घर पर उसके साथ जबरदस्ती की और इस पूरी घटना को रिकॉर्ड कर ब्लैकमेल करने की धमकी दी।
कौन हैं पादरी बजिंदर सिंह?
बजिंदर सिंह का जन्म हरियाणा के यमुनानगर में एक जाट परिवार में हुआ था। वह पहले भी हत्या के आरोप में जेल जा चुके हैं। जेल में रहते हुए उन्होंने ईसाई धर्म अपना लिया। वर्तमान में, वह जालंधर के एक चर्च में पादरी के रूप में कार्यरत हैं और चर्च ऑफ ग्लोरी एंड विजडम के संस्थापक भी हैं। वह खुद को यीशु मसीह का मैसेंजर बताते हैं, और उनके कई वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुए हैं। इन्हीं वीडियो के कारण उन्हें काफी पहचान भी मिली है।