25 मई से शुरू होंगी उड़ाने सरकार ने तय की किराये की सीमा -हरदीप सिंह पुरी
नई दिल्लीः- 25 मई से देश में घरेलू हवाई उड़ानों को शुरू किया जायेगा. केंद्रीय नागरिक उड्ड्यन मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने आज पत्रकार वार्ता में इसकी जानकारी दी उन्होंने बताया की 25 मई से देश में घरेलु उड़ानों का संचाल क्रमिक तरीके से शुरू किया जाएगा. इसके लिए एयपोर्ट्स और एयरलाइंस कंपनियों को तैयारी करने के लिए सूचित किया जा रहा है.
हरदीप सिंह पुरी ने कहा कि घरेलू उड़ानों को चलाने के लिए अधिकतम और न्यूनतम किराए की सीमा तय की गई है जिसका सभी एयरलाइंस को पालन करना होगा. उदाहरण के लिए दिल्ली और मुंबई के बीच 90 से 120 मिनट की उड़ान का कम से कम किराया 3500 रुपये होगा और अधिकतम किराया 10,000 रुपये होगा. ये नियम फिलहाल 3 महीने के लिए होगा जो 24 अगस्त की आधी रात तक लागू रहेगा.
आज प्रेस कॉन्फ्रेंस में हरदीप सिंह पुरी ने कहा कि विदेश में बसे भारतीय नागरिकों को वापस लाने के लिए शुरू किए गए वंदे भारत मिशन के तहत अब तक करीब 20 हजार से ज्यादा लोगों को वापस स्वदेश लाया जा चुका है. आगे चलकर और भी नागरिकों को भारत वापस लाया जाएगा. हमने अपने नागरिकों को ले जाने के लिए आउटगोइंग एयरक्राफ्ट का उपयोग किया है. उन लोगों को वापस लाने के लिए प्रयास किए गए जो नौकरी और दूसरी व्यावसायिक प्रतिबद्धताओं के कारण यात्रा करने के लिए विदेश आते-जाते रहते हैं.
हरदीप सिंह पुरी ने बताया कि 25 मई से जो उड़ानें शुरू की जा रही हैं उनमें यात्रा करने वाले यात्रियों को प्रोटेक्टिव गियर, फेस मास्क पहनना जरूरी होगा और सैनिटाइजर की बोतल साथ रखना अनिवार्य होगा. एयरलाइंस उड़ानों के दौरान खाना नहीं परोसेंगी. पानी की बोतल गैलरी एरिया और सीटों पर मुहैया कराई जाएंगी.
नागरिक उड्डयन मंत्री ने कहा कि मेट्रो टू मेट्रो शहरों में अलग नियम होंगे और मेट्रो टू नॉन मेट्रो शहरों के लिए अलग नियम होंगे. दिल्ली, मुंबई, कोलकाता, चेन्नई जैसे शहर मेट्रो शहरों में शामिल हैं. शुरुआत में एहतियात के तौर पर एयरपोर्ट का एक तिहाई हिस्सा ही शुरू होगा.
केंद्रीय मंत्री ने बताया कि देश के सभी हवाई रूट्स को 7 रूट्स में वर्गीकृत किया गया है. इसके तहत पहला रूट 40 मिनट से कम का होगा. दूसरा रूट 40 से 60 मिनट के बीच का होगा. तीसरा रूट 60-90 मिनट का होगा. चौथा रूट 90-120 मिनट का होगा. पांचवा रूट 120-150 मिनट का होगा और छठा रूट 150-180 मिनट का होगा. वहीं सातवां रूट 180-210 मिनट का होगा. देश के सभी रूट इन्हीं 7 रूटों के अंतर्गत माने जाएंगे.