SSC की सख्त चेतावनी: सोशल मीडिया पर प्रश्नपत्र शेयर या चर्चा करने पर 5 साल तक जेल और एक करोड़ तक जुर्माना l
कर्मचारी चयन आयोग (SSC) ने सोशल मीडिया पर परीक्षा के प्रश्नपत्रों की चर्चा, विश्लेषण या साझा करने वालों के लिए सख्त चेतावनी जारी की है। आयोग ने स्पष्ट कर दिया है कि ऐसी हरकतें सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम) अधिनियम, 2024 (PEA Act, 2024) के तहत अपराध मानी जाएंगी।
SSC के नोटिस के अनुसार, जो कोई भी परीक्षा के प्रश्नपत्रों को बिना अनुमति के लीक करेगा, सोशल मीडिया पर पोस्ट करेगा या उसका विश्लेषण करेगा, उसे तीन से पाँच साल की जेल की सजा और दस लाख रुपये तक का जुर्माना हो सकता है। यदि यह अपराध संगठित रूप में किया जाता है, तो इसमें पाँच से दस साल की सजा और एक करोड़ रुपये का भारी जुर्माना भी लगाया जा सकता है।
आयोग ने विशेष रूप से यूट्यूब, फेसबुक, इंस्टाग्राम, टेलीग्राम समेत सभी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स और कोचिंग संस्थानों को चेतावनी दी है कि वे ऐसी सामग्री को साझा न करें। उन्होंने सभी उम्मीदवारों और जनता से अपील की है कि वे परीक्षा की पवित्रता बनाए रखें और किसी भी प्रकार के अवैध कंटेंट को फैलाने से बचें।
यह कदम आयोग की ओर से परीक्षा प्रक्रिया की विश्वसनीयता बनाए रखने और पेपर लीक की घटनाओं को रोकने के लिए उठाया गया है। पिछले वर्षों में पेपर लीक की घटनाओं ने परीक्षार्थियों के करियर को प्रभावित किया और परीक्षा व्यवस्था की छवि को धूमिल किया है।
SSC का कहना है कि वे टेक्नोलॉजी और कानून दोनों के जरिए ऐसे उल्लंघनों पर लगातार नजर रखेंगे और तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करेंगे। इस बार की परीक्षाओं में भी आयोग ने व्यापक सुरक्षा कदम उठाए हैं ताकि कोई भी अनुचित साधन उपयोग न कर सके।