मुख्य सामग्री पर जाएं
ब्रेकिंग न्यूज़
छात्रों के समर्थन में अन्ना हजारे मौन व्रत पर, आंदोलन को मिला बड़ा साथ जंतर-मंतर पर अफरा-तफरी, छात्रों और निहंगों के बीच धक्का-मुक्की से बढ़ा तनाव PM मोदी के ऐलान पर राहुल गांधी का पलटवार, रखीं 3 बड़ी मांगें CJP Protest: दिल्ली में बवाल, 16 मेट्रो स्टेशन बंद; सरकार से बातचीत को तैयार CJP पंजाब में बनाए जाएंगे 10 लाख नए राशन कार्ड 22 जुलाई से शुरू होंगे आवेदन :मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान PM मोदी का राहुल गांधी पर तंज: मैं 56 साल के युवा की बात नहीं, 28 साल के युवाओं की बात कर रहा हूं सोनम वांगचुक को दूसरे अस्पताल शिफ्ट करने की मांग, दिल्ली हाईकोर्ट में जल्द सुनवाई जंतर-मंतर से अभिजीत दीपके को पुलिस ने हिरासत में लिया, संसद मार्च के बीच बड़ी कार्रवाई CJP प्रवक्ता सरकार से मिलने पहुंचे, संसद मार्च पर बढ़ी सियासी हलचल ‘हर अभद्र शब्द अश्लील नहीं’— सुप्रीम कोर्ट की महत्वपूर्ण टिप्पणी

अब पैन और बैंक अकाउंट को लिंक करना हुआ और भी आसान, टैक्सपेयर्स को होंगे ये बड़े फायदे

अब पैन और बैंक अकाउंट को लिंक करना हुआ और भी आसान, टैक्सपेयर्स को होंगे ये बड़े फायदे

सरकार ने टैक्स प्रक्रिया को पारदर्शी और सुलभ बनाने की दिशा में एक अहम कदम उठाया है। अब पैन कार्ड को बैंक अकाउंट और आधार से जोड़ना बेहद आसान हो गया है। इस नई पहल से टैक्स भरने वाले आम नागरिकों को काफी सहूलियत मिलेगी, साथ ही टैक्स चोरी पर भी लगाम लगाई जा सकेगी।
नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (NPCI) ने अब पैन और बैंक अकाउंट को आपस में जोड़ने की सुविधा आयकर विभाग की ई-फाइलिंग वेबसाइट पर शुरू कर दी है। इस बदलाव से अब पैन कार्ड को बैंक खाते से लिंक करना और उसकी रीयल-टाइम वेरिफिकेशन कराना बहुत ही आसान हो गया है।
NPCI ने इस संबंध में एक सर्कुलर भी जारी किया है, जिसमें बताया गया है कि कैसे कोर बैंकिंग सिस्टम के जरिए पैन डिटेल्स, खाते की स्थिति और खाता धारक की पहचान तुरंत सत्यापित की जा सकेगी।
सरकार ने साफ किया है कि 1 जुलाई से आधार वेरिफिकेशन के बिना पैन कार्ड जारी नहीं होगा। यानी, अगर आपका आधार सही तरीके से लिंक और वेरिफाई नहीं है, तो पैन कार्ड बनाना मुश्किल हो जाएगा।
केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (CBDT) का मानना है कि यह कदम टैक्स चोरी और फर्जीवाड़े को रोकने के लिए बेहद जरूरी था। कई मामले ऐसे सामने आए हैं, जहां एक ही व्यक्ति ने दो पैन कार्ड बनवा लिए थे—एक में आमदनी दिखाकर और दूसरे में नुकसान दर्शाकर टैक्स से बचने की कोशिश की गई।
इसके अलावा, कई लोग दूसरों के पैन कार्ड का इस्तेमाल करके खुद का नाम टैक्स रिकॉर्ड में आने से बचा रहे थे। पैन कार्ड के जरिए फर्जी GST रजिस्ट्रेशन और नकली बिलिंग जैसे घोटाले करके करोड़ों का टैक्स चुराया जा रहा था।
इस नई व्यवस्था से ईमानदार टैक्सपेयर्स को कई फायदे होंगे:
अब कोई भी व्यक्ति आपके नाम से पैन कार्ड का दुरुपयोग नहीं कर पाएगा।
सरकारी सब्सिडी, टैक्स रिफंड और निवेश संबंधी लाभ सीधे और सुरक्षित तरीके से आपके खाते में पहुंचेंगे।
आधार से जुड़े होने के कारण सभी वित्तीय लेन-देन अधिक पारदर्शी और ट्रैक करने योग्य हो जाएंगे।
फर्जी पैन कार्ड रखने वालों पर शिकंजा कसेगा।
सरकार की यह पहल टैक्स सिस्टम को अधिक विश्वसनीय, पारदर्शी और डिजिटल फ्रेंडली बनाने की दिशा में एक अहम कदम है। इससे जहां टैक्सपेयर्स को राहत मिलेगी, वहीं टैक्स चोरों की मुश्किलें बढ़ जाएंगी।

Share This
अगला लेख → बिहार चुनाव से पहले नीतीश सरकार की बड़ी घोषणा: पेंशन में भार…

टिप्पणी करें

Your email address will not be published. Required fields are marked *

ताज़ा ख़बरें
बाज़ार
सेंसेक्स 76,766 -70 (-0.09%)
निफ्टी 23,985 -11 (-0.05%)
मौसम
25°C
Patchy rain nearby
💧 91% 💨 4 km/h
Dehradun