अमेरिकी स्टाइल ट्रैफिक सॉल्यूशन अब भारत में, गोवा-चेन्नई से होगी स्मार्ट सिग्नल की शुरुआत
भारत में अब ट्रैफिक नियंत्रण के क्षेत्र में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का इस्तेमाल तेज़ी से बढ़ाया जा रहा है। अमेरिका में पहले से उपयोग की जा रही उन्नत AI तकनीक अब भारत में भी प्रवेश कर चुकी है, और सबसे पहले इसका लाभ गोवा और चेन्नई जैसे प्रमुख शहरों को मिलेगा।
केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय के एक उच्चाधिकारी के अनुसार, भारत सरकार ने ट्रैफिक लोड को मैनेज करने और सिग्नल की टाइमिंग को बेहतर बनाने के लिए AI आधारित स्मार्ट ट्रैफिक सिग्नल सिस्टम लागू करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। इस तकनीक के ज़रिए सिग्नल का समय रियल-टाइम ट्रैफिक डाटा के अनुसार स्वतः तय होगा, जिससे ट्रैफिक जाम में भारी कमी आने की उम्मीद है।
चेन्नई और गोवा को इस तकनीक के पहले पायलट शहरों के रूप में चुना गया है। इन शहरों में कुछ प्रमुख ट्रैफिक जंक्शनों पर पहले चरण में AI स्मार्ट सिग्नल्स लगाए जाएंगे। ट्रैफिक कैमरा, सेंसर और डेटा एनालिटिक्स की मदद से यह तकनीक यह तय करेगी कि किस दिशा में कितना ट्रैफिक है और उसी के अनुसार सिग्नल का टाइम तय होगा।
विशेषज्ञों का कहना है कि यदि यह प्रयोग सफल रहता है, तो इसे देशभर के महानगरों और बड़े शहरों में विस्तार दिया जाएगा। यह पहल न केवल ट्रैफिक जाम कम करेगी, बल्कि ईंधन की बचत, प्रदूषण में कमी और यात्रा के समय में भी सुधार लाएगी।