तरुण तेजपाल को बड़ा झटका! यौन उत्पीड़न केस में हाईकोर्ट ने ठहराया दोषी
वरिष्ठ पत्रकार और तहलका पत्रिका के पूर्व प्रधान संपादक तरुण तेजपाल को यौन उत्पीड़न मामले में बड़ा कानूनी झटका लगा है। हाईकोर्ट ने ट्रायल कोर्ट के उस फैसले को पलट दिया है, जिसमें उन्हें बरी कर दिया गया था। अदालत ने उपलब्ध साक्ष्यों और मामले के तथ्यों पर विचार करने के बाद तेजपाल को दोषी करार दिया।
यह मामला वर्ष 2013 का है, जब गोवा में आयोजित थिंक फेस्ट कार्यक्रम के दौरान एक महिला सहकर्मी ने तरुण तेजपाल पर होटल की लिफ्ट में यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया था। शिकायत के बाद गोवा पुलिस ने मामला दर्ज किया और लंबी कानूनी प्रक्रिया शुरू हुई।
साल 2021 में ट्रायल कोर्ट ने साक्ष्यों के आधार पर तरुण तेजपाल को सभी आरोपों से बरी कर दिया था। इसके बाद गोवा सरकार ने इस फैसले को हाईकोर्ट में चुनौती दी। अब हाईकोर्ट ने ट्रायल कोर्ट के फैसले को पलटते हुए तेजपाल को दोषी ठहराया है।
हाईकोर्ट के इस फैसले को यौन उत्पीड़न के मामलों में एक महत्वपूर्ण कानूनी घटनाक्रम माना जा रहा है। हालांकि, सजा की अवधि और अन्य कानूनी पहलुओं पर अदालत का विस्तृत आदेश आना अभी बाकी है।
इस फैसले के बाद एक बार फिर कार्यस्थल पर महिलाओं की सुरक्षा, न्यायिक प्रक्रिया और यौन उत्पीड़न के मामलों में जवाबदेही को लेकर चर्चा तेज हो गई है। अब सभी की नजर अदालत के अगले आदेश पर टिकी है, जिसमें दोषसिद्धि के बाद आगे की कानूनी प्रक्रिया स्पष्ट होगी।