परविंदर झोटा की हत्या के बाद एक्शन में पंजाब पुलिस, जालंधर के मेडिकल स्टोर पर रेड
पंजाब के मानसा में परविंदर सिंह झोटा की हत्या के बाद नशीली दवाओं के अवैध कारोबार को लेकर पुलिस की कार्रवाई तेज होने के बीच जालंधर में पुलिस और ड्रग विभाग की संयुक्त टीम ने दो मेडिकल स्टोरों पर छापेमारी की। बस्ती बावा खेल अड्डा के पास की गई इस कार्रवाई में 100 से अधिक प्रतिबंधित नशीली गोलियां बरामद होने की जानकारी सामने आई है। पुलिस ने मेडिकल स्टोर संचालक आनंद और उसके बेटे को गिरफ्तार किया है। आरोप है कि दोनों मेडिकल स्टोर की आड़ में प्रतिबंधित दवाइयां बेच रहे थे।
पुलिस के मुताबिक, टीम को सूचना मिली थी कि इलाके के आनंद मेडिकल स्टोर और प्रभजोत मेडिकल स्टोर पर अवैध रूप से नशीली दवाइयों की बिक्री की जा रही है। सूचना की पुष्टि करने के लिए पुलिस ने पहले एक फर्जी ग्राहक को दुकान पर भेजा। बताया गया कि ग्राहक ने एक हजार रुपये की नशीली दवाइयां खरीदीं। इसके बाद पुलिस और ड्रग विभाग की संयुक्त टीम ने मंगलवार सुबह दोनों मेडिकल स्टोरों पर छापेमारी की।
यह कार्रवाई एसीपी आतिश भाटिया, थाना प्रभारी संजीव सूरी और ड्रग इंस्पेक्टर अमित बंसल की अगुवाई में की गई। जांच के दौरान दुकानों की तलाशी ली गई। इसके बाद टीम ने मेडिकल स्टोर संचालक आनंद के घर पर भी तलाशी अभियान चलाया। पुलिस के अनुसार, इस कार्रवाई में 100 से अधिक प्रतिबंधित नशीली गोलियां बरामद की गईं और बाप-बेटे को गिरफ्तार कर लिया गया।
जांच के दौरान यह भी सामने आया कि कथित तौर पर नशीली गोलियों को उनके मूल पत्तों से निकालकर अलग डिब्बे में खुला रखा जाता था। पुलिस को आशंका है कि इस तरीके से दवाइयों की बिक्री कर संदेह से बचने की कोशिश की जाती थी। मामले में बरामद दवाइयों और उनकी बिक्री से जुड़े तथ्यों की जांच की जा रही है।
पुलिस के मुताबिक, मेडिकल स्टोर संचालक पर पहले भी नशीली दवाइयां बेचने के आरोप में कार्रवाई हो चुकी है। उसे गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था, लेकिन जमानत पर बाहर आने के बाद कथित तौर पर उसने फिर से यह कारोबार शुरू कर दिया। अब मामले को गंभीरता से लेते हुए ड्रग विभाग को संबंधित मेडिकल स्टोर का लाइसेंस रद्द करने के लिए पत्र भेजने की प्रक्रिया शुरू की जा रही है। दुकान को सील करने के लिए भी कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
पुलिस का कहना है कि नशीली दवाइयों की अवैध बिक्री पर रोक लगाने के लिए अन्य संभावित ठिकानों पर भी छापेमारी की जा रही है। अधिकारियों के मुताबिक, जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।