मुख्य सामग्री पर जाएं
ब्रेकिंग न्यूज़
‘पैसे मांगे तो जेल में सड़ना पड़ेगा’, शिक्षकों को नियुक्ति पत्र देते समय CM योगी की सख्त चेतावनी क्या दूसरे राज्यों में भी दिख रहा योगी मॉडल? बिहार के जमुई कांड से कानून-व्यवस्था पर बड़ा सवाल योगी सरकार का जॉब कैलेंडर ऑन! 4 दिन में 5,297 युवाओं को मिली सरकारी नौकरी CM योगी देंगे 818 युवाओं को नियुक्ति पत्र, स्वास्थ्य से आयुष तक इन पदों पर मिलेगी नौकरी अमित शाह करेंगे यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो का उद्घाटन, 25 सितंबर से शुरू होगा बड़ा आयोजन ‘बंदूक की राजनीति अब नहीं चलेगी’, मेरठ में सीएम योगी का सपा-कांग्रेस पर बड़ा हमला मेरठ में नितिन नवीन का सपा-कांग्रेस पर हमला, बोले- यूपी को फिर बांटने की कोशिश हो रही ‘2027 में सपा को अपनी हार साफ दिख रही’, दानिश आजाद अंसारी का अखिलेश यादव पर तीखा हमला यूपी में 2027 से पहले पोस्टर वार तेज, अखिलेश यादव के खिलाफ लगे ‘आजम-अतीक-मुख्तार’ वाले पोस्टर 2027 से पहले बड़ा सवाल: उत्तर प्रदेश के लिए योगी मॉडल कितना जरूरी? कानून-व्यवस्था, रोजगार, महिला सुरक्षा और इंफ्रास्ट्रक्चर पर रिपोर्ट

उपराष्ट्रपति चुनाव में MVA के 13 सांसदों ने दिया ‘धोखा’, INDIA गठबंधन में मचा हड़कंप, NDA के सीपी राधाकृष्णन को मिली बड़ी जीत l

उपराष्ट्रपति चुनाव में MVA के 13 सांसदों ने दिया ‘धोखा’, INDIA गठबंधन में मचा हड़कंप, NDA के सीपी राधाकृष्णन को मिली बड़ी जीत l

देश के 15वें उपराष्ट्रपति चुनाव में सत्तारूढ़ एनडीए (NDA) के उम्मीदवार सीपी राधाकृष्णन ने 452 वोटों के भारी बहुमत से जीत दर्ज की। वहीं विपक्षी INDIA गठबंधन के प्रत्याशी बी. सुदर्शन रेड्डी को मात्र 300 वोट ही मिले, जबकि गठबंधन के पास कुल 315 सांसदों का समर्थन था। ऐसे में नतीजों ने विपक्ष की एकजुटता और अनुशासन पर सवाल खड़े कर दिए हैं, क्योंकि साफ तौर पर लगभग 13 सांसदों ने क्रॉस वोटिंग या गुप्त ‘धोखा’ दिया।

मतदान में कुल 767 सांसदों ने हिस्सा लिया, जिनमें 15 वोट अवैध घोषित हुए। राधाकृष्णन को जहां 452 वैध वोट मिले, वहीं रेड्डी सिर्फ 300 वोट ही जुटा पाए। विपक्ष के खाते के वोट अपेक्षा से कम रहे। केंद्रीय मंत्री भागवत कराड और अन्य भाजपा नेताओं ने दावा किया कि INDIA ब्लॉक के 13-14 सांसदों ने NDA उम्मीदवार के पक्ष में मतदान किया।

गौरतलब है कि उपराष्ट्रपति चुनाव संसद के दोनों सदनों (लोकसभा-राज्यसभा) के सदस्यों द्वारा गुप्त मतदान से होता है और इसमें पार्टी व्हिप लागू नहीं रहता, जिससे सांसदों को अपनी व्यक्तिगत सहमति का प्रयोग करने की पूरी स्वतंंत्रता मिलती है। इस बार मतदान प्रतिशत 98.2% रहा और 15 अवैध वोट भी पड़े।

उधर, विपक्ष में हड़कंप मचा है और MVA सहित INDIA गठबंधन द्वारा संभावित ‘धोखेबाज’ सांसदों की तलाश की जा रही है। सूत्रों के मुताबिक इन सांसदों की पहचान के लिए गठबंधन अपने अंदरूनी स्तर पर नाम-पता तलाश रहा है, ताकि भविष्य में ऐसी स्थिति से निपटा जा सके। कांग्रेस सांसद शक्ति सिंह गोहिल ने भी स्वीकारा कि 15 वोट निरस्त होने से नुकसान हुआ और यह विपक्ष की बड़ी हार है।

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इस परिणाम से न सिर्फ विपक्ष की एकता और प्रबंधन की पोल खुल गई, बल्कि आगामी चुनावी रणनीति और तालमेल पर भी गहरा असर पड़ेगा। NDA ने जहां इस जीत को संसद में अपनी मजबूत पकड़ का संकेत बताया, वहीं विपक्ष ने लोकतांत्रिक प्रक्रिया और निष्पक्षता का हवाला देकर भविष्य में संघर्ष तेज करने की घोषणा की है।

Share
अगला लेख → चेन्नई की हवा देश में सबसे ज्यादा प्रदूषित, जबलपुर, आगरा और …

टिप्पणी करें

Your email address will not be published. Required fields are marked *