
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बुधवार को गोरखपुर में आयोजित ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ पदयात्रा में शामिल होंगे। इस कार्यक्रम में उनके साथ भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन भी मौजूद रहेंगे। इस पदयात्रा के जरिए भाजपा विपक्षी दलों, खासकर कांग्रेस और इंडी गठबंधन के खिलाफ अपना राजनीतिक संदेश देगी। मुख्यमंत्री ने कहा है कि लोकतंत्र की गरिमा और जनादेश के सम्मान के लिए जनता के बीच जागरूकता जरूरी है।
पदयात्रा से पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर एक पोस्ट के जरिए कांग्रेस और इंडी गठबंधन पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि इंडी गठबंधन के नेतृत्वकर्ताओं में स्पष्ट सोच, क्षमता और विश्वसनीयता का अभाव है। उनके मुताबिक, जनादेश का अनादर इसी राजनीतिक सोच का परिणाम है।
मुख्यमंत्री ने कांग्रेस और विपक्षी गठबंधन पर हमला बोलते हुए कहा कि हर चुनाव में हार के नए रिकॉर्ड बना रही कांग्रेस और इंडी गठबंधन की हताशा अब अराजकता की राजनीति में बदलती दिखाई दे रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्षी दलों के नेता लोकतंत्र, संवैधानिक संस्थाओं के फैसलों और जनता के जनादेश पर भरोसा नहीं करते। योगी ने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में जनता का फैसला सर्वोपरि होता है और सभी राजनीतिक दलों को उसका सम्मान करना चाहिए।
सीएम योगी ने बताया कि लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा और कथित अराजकता के खिलाफ जनजागरण के संकल्प के साथ वह भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन के साथ गोरखपुर की पदयात्रा में हिस्सा लेंगे। इस आयोजन के माध्यम से पार्टी कार्यकर्ताओं और आम लोगों तक लोकतंत्र की मजबूती तथा संवैधानिक व्यवस्था के सम्मान का संदेश पहुंचाने का प्रयास किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व का उल्लेख करते हुए कहा कि उनकी सरकार भारत के महान लोकतंत्र की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने भरोसा जताया कि लोकतांत्रिक संस्थाओं और संवैधानिक मूल्यों को मजबूत बनाए रखने के लिए सरकार लगातार काम करती रहेगी। गोरखपुर में होने वाली यह पदयात्रा ऐसे समय आयोजित की जा रही है, जब कांग्रेस और भाजपा के बीच राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप लगातार तेज हो रहे हैं।



