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लखनऊ विश्वविद्यालय के छात्रों का प्रदर्शन, परीक्षा में बदलाव के खिलाफ नाराजगी

लखनऊ विश्वविद्यालय के छात्रों का प्रदर्शन, परीक्षा में बदलाव के खिलाफ नाराजगी

लखनऊ विश्वविद्यालय में बुधवार को छात्रों ने परीक्षा पैटर्न में अचानक किए गए बदलाव के विरोध में जोरदार प्रदर्शन किया। छात्रों ने विश्वविद्यालय प्रशासन पर मनमाने फैसले लेने और उनकी समस्याओं की अनदेखी करने का आरोप लगाया। प्रदर्शन के दौरान प्रॉक्टोरियल बोर्ड के कुछ सदस्यों और छात्रों के बीच हाथापाई भी हुई, जबकि मौके पर मौजूद पुलिस मूकदर्शक बनी रही।

यूजी छात्रों ने परीक्षा पैटर्न में बदलाव को लेकर अपनी नाराजगी जाहिर की। उन्होंने बताया कि परीक्षा शुरू होने से महज 10 दिन पहले रात 8 बजे व्हाट्सएप के जरिए नए पैटर्न की जानकारी दी गई, जिससे उनके लिए तैयारी करना मुश्किल हो गया। छात्रों का कहना है कि नई समय सीमा में प्रश्नों के उत्तर देना बेहद कठिन होगा, जो उनके प्रदर्शन पर नकारात्मक प्रभाव डालेगा।

बीएससी की छात्रा मीरा ने बताया कि छात्रों का एक दल शनिवार को परीक्षा नियंत्रक से शांतिपूर्ण ढंग से मिला और पुराने पैटर्न पर परीक्षा कराने की मांग की। हालांकि, अधिकारियों ने दो दिन में समाधान का भरोसा दिया था, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।

वहीं, छात्र शुभम खरवार ने कहा, “तीन घंटे की परीक्षा को दो घंटे में सीमित करना पूरी तरह अन्यायपूर्ण है। यदि प्रशासन ने इस फैसले को वापस नहीं लिया, तो छात्रों को बड़े आंदोलन के लिए मजबूर होना पड़ेगा।”

छात्रों के बढ़ते विरोध को देखते हुए अब यह देखना अहम होगा कि विश्वविद्यालय प्रशासन इस मामले को कैसे सुलझाता है। छात्रों ने साफ तौर पर पुराने परीक्षा पैटर्न को बहाल करने की मांग की है, ताकि उनकी पढ़ाई और भविष्य प्रभावित न हो।

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