अखिलेश ने एक्सप्रेसवे का वीडियो दिखाकर BJP सरकार पर साधा निशाना, बोले- निर्माण पूरा बाद में, टूटना पहले शुरू
उत्तर प्रदेश में एक्सप्रेसवे और सरकारी निर्माण कार्यों की गुणवत्ता को लेकर समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने भाजपा सरकार पर निशाना साधा है। लखनऊ स्थित सपा कार्यालय में मीडिया से बातचीत के दौरान अखिलेश यादव ने प्रदेश के एक्सप्रेसवे की स्थिति से जुड़े वीडियो दिखाए और निर्माण कार्यों की गुणवत्ता पर सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार में कई परियोजनाओं का निर्माण पूरा होने से पहले ही उनमें समस्याएं सामने आने लगती हैं।
अखिलेश यादव ने बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे का जिक्र करते हुए कहा कि इसका उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किया था, लेकिन इसके बाद से इसके मेंटीनेंस का काम लगातार जारी है। उन्होंने कहा कि सरकार को यह बताना चाहिए कि परियोजनाओं के निर्माण और रखरखाव में गुणवत्ता के मानकों का कितना पालन किया जा रहा है।
सपा अध्यक्ष ने लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे की कथित खराब स्थिति से संबंधित एक वीडियो भी मीडिया को दिखाया। उन्होंने निर्माण कार्यों की गुणवत्ता पर सवाल उठाते हुए कहा कि ऐसा प्रतीत होता है कि दिल्ली और लखनऊ के बीच इस बात को लेकर मुकाबला चल रहा है कि किसके पास ज्यादा मुनाफा पहुंचेगा। ये अखिलेश यादव के आरोप हैं।
अखिलेश यादव ने अपनी सरकार के दौरान बनाए गए प्रोजेक्ट्स का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि सपा सरकार के समय बनाए गए रिवरफ्रंट और अन्य निर्माण कार्यों की गुणवत्ता बेहतर थी। उन्होंने आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे के डिजाइन का जिक्र करते हुए कहा कि यह एक अच्छा डिजाइन था, लेकिन भाजपा सरकार इसे खराब कर रही है। उन्होंने रिवरफ्रंट के फव्वारों और सपा सरकार के समय बच्चों को दिए गए लैपटॉप का भी उल्लेख किया।
मीडिया से बातचीत के दौरान अखिलेश यादव ने यूपीआई भुगतान को लेकर व्यापारियों पर लगाए जाने वाले टैक्स पर भी सवाल उठाया। उन्होंने यूपीआई को लेकर सरकार की नीति की आलोचना करते हुए इसे ‘रुपये ऐंठने वाली योजना’ बताया। उन्होंने आरोप लगाया कि ऐसी योजनाओं से उद्योगपतियों को लाभ पहुंचाने की कोशिश की जा रही है।
वहीं, प्रदेश में बड़े पैमाने पर पौधरोपण के सरकारी दावे पर भी अखिलेश यादव ने सवाल उठाए। उन्होंने सरकार के 200 करोड़ पेड़ लगाए जाने के दावे का जिक्र करते हुए कहा कि अगर इतने पौधे लगाए गए हैं तो सरकार को यह बताना चाहिए कि उन्हें किस जमीन पर लगाया गया है। अखिलेश यादव ने दावा किया कि सपा सरकार के दौरान एक हजार एकड़ क्षेत्र में एक लाख 34 हजार पेड़ लगाए गए थे।
इस दौरान पूर्व मंत्री राम आश्रय कुशवाहा ने भाजपा छोड़कर समाजवादी पार्टी की सदस्यता ग्रहण की। सपा में वापसी के बाद उन्होंने कहा कि उन्हें आज भी मुलायम सिंह यादव अपने बीच महसूस होते हैं। उन्होंने कहा कि जब तक अखिलेश यादव को उत्तर प्रदेश का मुख्यमंत्री नहीं बना देते, तब तक वह घर नहीं बैठेंगे।
राम आश्रय कुशवाहा के सपा में शामिल होने को पार्टी के लिए एक राजनीतिक घटनाक्रम के तौर पर देखा जा रहा है। वहीं, अखिलेश यादव की प्रेस कॉन्फ्रेंस में एक्सप्रेसवे की गुणवत्ता, यूपीआई भुगतान और पौधरोपण के दावों को लेकर उठाए गए सवालों ने एक बार फिर प्रदेश में विकास कार्यों और सरकारी योजनाओं की निगरानी को लेकर राजनीतिक बहस को सामने ला दिया है।