मुख्य सामग्री पर जाएं
ब्रेकिंग न्यूज़
तरुण तेजपाल को बड़ा झटका! यौन उत्पीड़न केस में हाईकोर्ट ने ठहराया दोषी भगवंत सरकार कैबिनेट ने ‘पंजाब रेगुलेशन ऑफ फीस ऑफ अन-एडेड एजुकेशनल इंस्टीट्यूशंस (संशोधन) विधेयक-2026’ सहित कई जनहित के कार्यों को दी मंजूरी ‘क्या हमारी कीमत कीड़े-मकौड़ों से भी कम है?’ झारखंड के आंदोलनकारी छात्रों का फूटा गुस्सा किसी का कान फटा, किसी का कंधा खिसका’—एअर इंडिया फ्लाइट के यात्रियों ने सुनाई दहला देने वाली आपबीती हवा में हड़कंप! टर्बुलेंस में फंसी एअर इंडिया की फुकेट-दिल्ली फ्लाइट, कई यात्री घायल पटना में बनेगा PM मोदी का मंदिर, बिहार किन्नर कल्याण बोर्ड की बैठक में बड़ा फैसला CM योगी का बड़ा लक्ष्य, इस बार 5 करोड़ घरों पर फहराएगा तिरंगा भगवा वेश में प्रदर्शन पड़ा भारी! राहुल गांधी, पप्पू यादव और अवधेश प्रसाद के खिलाफ केस दर्ज उमर खालिद की जमानत याचिका पर दिल्ली पुलिस को हाई कोर्ट का नोटिस SCO समिट के लिए पीएम मोदी को न्योता भेजने की तैयारी में पाकिस्तान, क्या इस्लामाबाद जाएंगे प्रधानमंत्री?

विमान हादसों में राजनीति को लगे झटके: संजय गांधी से विजय रुपाणी तक कई दिग्गज नेता गंवा चुके हैं जान

विमान हादसों में राजनीति को लगे झटके: संजय गांधी से विजय रुपाणी तक कई दिग्गज नेता गंवा चुके हैं जान

अहमदाबाद में हाल ही में हुए दर्दनाक एयर इंडिया विमान हादसे ने देश को झकझोर कर रख दिया। इस दुर्घटना में गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री विजय रुपाणी का भी निधन हो गया। वह लंदन में अपनी पत्नी और बेटी से मिलने जा रहे थे और उसी फ्लाइट (AI-171) में सवार थे जो क्रैश हो गई। इस हादसे ने एक बार फिर याद दिला दिया कि भारत की राजनीति को पहले भी ऐसे विमान हादसों में कई मूल्यवान जनप्रतिनिधियों की जान गंवानी पड़ी है। पूर्व में 23 जून 1980 की सुबह इंदिरा गांधी के बेटे संजय गांधी, जो कांग्रेस के उभरते हुए चेहरे थे,वह नई दिल्ली में एक विमान से स्टंट उड़ान भरी। लेकिन विमान पर नियंत्रण खो बैठने से वह दुर्घटना का शिकार हो गए। यह हादसा डिप्लोमैटिक एन्क्लेव इलाके में हुआ और इसमें उनके साथ उड़ान भर रहे कैप्टन सुभाष सक्सेना की भी जान चली गई।
30 सितंबर 2001 को कांग्रेस के दिग्गज नेता और पूर्व नागरिक उड्डयन मंत्री माधवराव सिंधिया की कानपुर में एक रैली के लिए जाते वक्त विमान दुर्घटना में मौत हो गई। खराब मौसम के चलते उनका प्राइवेट प्लेन उत्तर प्रदेश के मैनपुरी क्षेत्र में क्रैश हो गया।
और ऐसे ही तेलुगु देशम पार्टी के नेता और लोकसभा अध्यक्ष जीएमसी बालयोगी 3 मार्च 2002 को आंध्र प्रदेश के कृष्णा जिले में हेलीकॉप्टर दुर्घटना में मारे गए। निजी हेलीकॉप्टर भीमावरम से लौटते वक्त एक तालाब में गिर गया था, जिससे उनकी मृत्यु हो गई थी।
मेघालय सरकार में मंत्री साइप्रियन संगमा की जान 22 सितंबर 2004 को एक हेलीकॉप्टर हादसे में चली गई। वह गुवाहाटी से शिलॉन्ग जा रहे थे, लेकिन पवन हंस हेलीकॉप्टर बारापानी झील के पास दुर्घटनाग्रस्त हो गया।
हरियाणा के वरिष्ठ नेता और मंत्री ओपी जिंदल और सुरेंद्र सिंह की हेलीकॉप्टर दुर्घटना में मृत्यु 2005 में हुई। दिल्ली से चंडीगढ़ जाते समय सहारनपुर के पास उनका हेलीकॉप्टर क्रैश हो गया।
सबसे ताज़ा मामला विजय रुपाणी का है। गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री विजय रुपाणी एयर इंडिया की फ्लाइट AI-171 से लंदन जा रहे थे, जब विमान अहमदाबाद में दुर्घटनाग्रस्त हो गया। इस हादसे में वे भी शामिल थे और उनकी भी जान चली गई।और ऐसे कई विमान दुर्घटना में हमने दिगज्ज नेताओं को खोया है।
भारत के राजनीतिक इतिहास में विमान हादसे कई बार दुःखद मोड़ लेकर आए हैं। इन घटनाओं ने न केवल परिवारों को तोड़ा बल्कि देश की राजनीतिक धारा को भी प्रभावित किया। इन नेताओं की आकस्मिक मृत्यु ने ये साबित किया कि हादसे कभी किसी को भी नहीं बख्शते — चाहे वह आम नागरिक हो या कोई बड़ा राजनेता।

Share This
अगला लेख → AI-171 विमान हादसा: मिला ब्लैक बॉक्स, अब सामने आएंगे हादसे क…

टिप्पणी करें

Your email address will not be published. Required fields are marked *

बाज़ार
सेंसेक्स 78,499 -456 (-0.58%)
निफ्टी 24,571 -65 (-0.26%)
मौसम
29°C
Light rain shower
💧 73% 💨 7 km/h
Dehradun