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₹3 लाख का iPhone 18 पड़ेगा ₹5 लाख तक! खरीदने से पहले जान लें पूरा हिसाब

₹3 लाख का iPhone 18 पड़ेगा ₹5 लाख तक! खरीदने से पहले जान लें पूरा हिसाब

iPhone 18 जैसा प्रीमियम स्मार्टफोन खरीदने पर ग्राहक अक्सर सिर्फ उसकी कीमत को ही अपना कुल खर्च मानता है। लेकिन फोन की वास्तविक ownership cost इससे काफी ज्यादा हो सकती है। करीब ₹3 लाख के iPhone को खरीदने के बाद चार्जर, कवर, स्क्रीन प्रोटेक्टर, AppleCare+, EMI का ब्याज, रिपेयर और दूसरी accessories पर भी पैसा खर्च हो सकता है। ऐसे में कुछ वर्षों में इसकी कुल लागत ₹4 लाख से लेकर ₹5 लाख या उससे अधिक तक पहुंचने की स्थिति बन सकती है।

मान लीजिए किसी प्रीमियम iPhone की कीमत करीब ₹3 लाख है। फोन खरीदने के बाद चार्जिंग के लिए जरूरी accessories, MagSafe, प्रीमियम कवर और स्क्रीन प्रोटेक्टर जैसी चीजों पर अलग से खर्च करना पड़ सकता है। इन शुरुआती accessories की लागत जरूरत और चुने गए प्रोडक्ट के हिसाब से अलग-अलग होगी, लेकिन कुल खर्च आसानी से कई हजार रुपये बढ़ा सकता है।

इसके अलावा अगर ग्राहक AppleCare+ जैसी protection plan लेता है, तो उसका खर्च भी फोन की कीमत में जुड़ जाता है। इसकी लागत iPhone के मॉडल और चुने गए प्लान के अनुसार अलग हो सकती है। यानी ₹3 लाख के फोन की खरीद के साथ accessories और protection जोड़ने पर शुरुआती ownership cost केवल ₹3 लाख तक सीमित नहीं रहती।

अगर फोन को एकमुश्त खरीदने के बजाय EMI पर लिया जाता है, तो कुल भुगतान और बढ़ सकता है। उदाहरण के तौर पर ₹3 लाख की खरीद को 24 महीने की EMI में बांटने पर ब्याज, प्रोसेसिंग फीस और अन्य शुल्क लग सकते हैं। हालांकि वास्तविक अतिरिक्त रकम बैंक, कार्ड, ब्याज दर और उपलब्ध ऑफर पर निर्भर करेगी। इसलिए EMI चुनने से पहले कुल repayment amount देखना जरूरी है।

फोन खरीदने के बाद भी खर्च पूरी तरह खत्म नहीं होता। समय के साथ charging cable बदलने, नया कवर लेने, स्क्रीन प्रोटेक्टर बदलने या दूसरी accessories खरीदने की जरूरत पड़ सकती है। अगर किसी यूजर का इन चीजों पर सालाना औसतन ₹5,000 से ₹10,000 खर्च होता है, तो तीन साल में यह रकम करीब ₹15,000 से ₹30,000 तक हो सकती है।

इसके अलावा फोन को accidental damage होने की स्थिति में repair का खर्च भी सामने आ सकता है। AppleCare+ ऐसी परिस्थितियों में कुछ repair costs को कम करने में मदद कर सकता है, लेकिन इसके लिए protection plan की कीमत के अलावा लागू service fee भी हो सकती है। इसलिए protection plan लेने या न लेने का फैसला करते समय उसके नियम और कुल लागत समझना जरूरी है।

ऐसे में अगर ₹3 लाख के iPhone के साथ accessories, protection plan और EMI से जुड़ा अतिरिक्त खर्च जोड़ दिया जाए, तो कुल शुरुआती लागत करीब ₹3.5 लाख से ₹4 लाख के आसपास पहुंच सकती है। इसके बाद कई वर्षों में accessories, संभावित repair और दूसरे खर्च जुड़ते रहें तो कुल ownership cost ₹4.5 लाख से ₹5 लाख या उससे अधिक हो सकती है।

हालांकि ₹5 लाख कोई तय रकम नहीं है। अगर फोन कैश में खरीदा जाए, कम accessories इस्तेमाल की जाएं, कोई महंगा repair न हो और financing cost न लगे, तो वास्तविक खर्च काफी कम रहेगा। इसलिए करीब ₹3 लाख का iPhone खरीदते समय सिर्फ उसकी MRP देखना पर्याप्त नहीं है। ग्राहक को फोन की कीमत के साथ accessories, protection, financing और संभावित repair सहित पूरी ownership cost को ध्यान में रखकर अपना बजट तय करना चाहिए।

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