मुख्य सामग्री पर जाएं
ब्रेकिंग न्यूज़
‘पैसे मांगे तो जेल में सड़ना पड़ेगा’, शिक्षकों को नियुक्ति पत्र देते समय CM योगी की सख्त चेतावनी क्या दूसरे राज्यों में भी दिख रहा योगी मॉडल? बिहार के जमुई कांड से कानून-व्यवस्था पर बड़ा सवाल योगी सरकार का जॉब कैलेंडर ऑन! 4 दिन में 5,297 युवाओं को मिली सरकारी नौकरी CM योगी देंगे 818 युवाओं को नियुक्ति पत्र, स्वास्थ्य से आयुष तक इन पदों पर मिलेगी नौकरी अमित शाह करेंगे यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो का उद्घाटन, 25 सितंबर से शुरू होगा बड़ा आयोजन ‘बंदूक की राजनीति अब नहीं चलेगी’, मेरठ में सीएम योगी का सपा-कांग्रेस पर बड़ा हमला मेरठ में नितिन नवीन का सपा-कांग्रेस पर हमला, बोले- यूपी को फिर बांटने की कोशिश हो रही ‘2027 में सपा को अपनी हार साफ दिख रही’, दानिश आजाद अंसारी का अखिलेश यादव पर तीखा हमला यूपी में 2027 से पहले पोस्टर वार तेज, अखिलेश यादव के खिलाफ लगे ‘आजम-अतीक-मुख्तार’ वाले पोस्टर 2027 से पहले बड़ा सवाल: उत्तर प्रदेश के लिए योगी मॉडल कितना जरूरी? कानून-व्यवस्था, रोजगार, महिला सुरक्षा और इंफ्रास्ट्रक्चर पर रिपोर्ट

कुशीनगर: दशकों से बंद पडरौना चीनी मिल को फिर से शुरू करने की कवायद, डीएम ने कृषक एवं कर्मचारियों से की अहम बैठक

कुशीनगर: दशकों से बंद पडरौना चीनी मिल को फिर से शुरू करने की कवायद, डीएम ने कृषक एवं कर्मचारियों से की अहम बैठक

कुशीनगर, 3 सितंबर 2025: लंबे अरसे से बंद पड़ी पडरौना चीनी मिल को दोबारा शुरू करने के लिए जिलाधिकारी महेंद्र सिंह तंवर ने कृषक प्रतिनिधियों और मिल कर्मचारियों के साथ एक अहम बैठक आयोजित की। इस बैठक में सभी पक्षों ने मिल को फिर से चालू करने के लिए सकारात्मक सहमति व्यक्त की है।

पडरौना चीनी मिल, जो साल 2012-13 से बंद थी, किसान समुदाय के लिए आय का मुख्य स्रोत रही है और बंद होने के कारण गन्ना किसानों को काफी नुकसान उठाना पड़ा। डीएम तंवर ने कहा कि मिल को पुनः चालू कराने के लिए किसानों का बकाया गन्ना मूल्य और कर्मचारियों का वेतन भुगतान प्राथमिकता होगी। साथ ही मिल के परिसर में हुए अतिक्रमण को चिन्हित कर हटाने के निर्देश दिए गए हैं।

जिलाधिकारी ने आगामी 10 से 12 दिनों के भीतर मिल की स्थिति, बकाया राशि और आवश्यक संसाधनों का विस्तृत संकलन करने का आदेश दिया। बैठक में सहमति बनी कि कोर्ट में पेंडिंग सभी विवाद मामलों को किसानों व कर्मचारियों की सहमति से वापस लिया जाएगा, जिससे मिल पुनः संचालन में बाधा न आए।

डीएम ने कहा कि मुख्यमंत्री की इच्छा है कि किसान हित में इस मिल को जल्द से जल्द पुनः चालू कराया जाए। इस पहल से न केवल कुशीनगर में रोजगार के अवसर बढ़ेंगे, बल्कि क्षेत्रीय आर्थिक विकास की गति भी तेज होगी।

किसान प्रतिनिधियों ने प्रशासन का पूरा समर्थन किया और मिल के पुनरुद्धार के लिए तैयार रहने का आश्वासन दिया। अधिकारियों ने मिल की जमीन पर हुए भूलवश कब्जों को हटाने का काम भी तेज़ करने की बात कही।

पडरौना चीनी मिल का पुनः संचालन कुशीनगर जिले के किसानों और कर्मचारियों के लिए उम्मीद की किरण साबित होगा, जिससे क्षेत्र में कृषि और उद्योग के मेल से समृद्धि आएगी।

Share
अगला लेख → रुद्रपुर में हवाई फायरिंग कर वीडियो वायरल करने वाले चार आरोप…

टिप्पणी करें

Your email address will not be published. Required fields are marked *