रेनल हाइपरटेंशन: जानिए क्या है किडनी से जुड़ा हाई ब्लड प्रेशर और इसे कंट्रोल करने के 5 जरूरी स्टेप्स
रेनल हाइपरटेंशन (Renal Hypertension) एक ऐसी स्थिति है, जिसमें किडनी की कमजोरी या उसकी धमनियों में ब्लॉकेज के कारण ब्लड प्रेशर बढ़ जाता है। अगर समय रहते इलाज न किया जाए तो यह दिल की बीमारियों और किडनी फेलियर का कारण बन सकता है।
रेनल हाइपरटेंशन को कंट्रोल करने के 5 जरूरी हेल्दी लाइफस्टाइल कदम –
रोज़ाना ताजा फल-सब्जियां, कम नमक और लो-सोडियम डाइट लें। केला, संतरा, पालक जैसे पोटैशियम युक्त भोजन ब्लड प्रेशर संतुलित रखते हैं। प्रोसेस्ड और पैकेज्ड फूड से दूरी बनाएं।
हफ्ते में कम से कम 5 दिन 30 मिनट वॉक, जॉगिंग या तैराकी करें।
बढ़ा हुआ वजन किडनी और दिल पर दबाव बढ़ाता है, इसलिए वजन नियंत्रित रखना जरूरी है।
कई बार सिर्फ डाइट और कसरत से ब्लड प्रेशर कंट्रोल नहीं होता। ऐसे में ACE इनहिबिटर्स या डाययूरेटिक्स जैसी दवाइयाँ लाभकारी होती हैं।
समय-समय पर ब्लड प्रेशर और किडनी के टेस्ट करवाएँ, जिससे बीमारी की मॉनिटरिंग हो सके।
विशेषज्ञों की सलाह है कि रेनल हाइपरटेंशन का शुरुआती स्तर पर इलाज व लाइफस्टाइल सुधार से गंभीर जटिलताओं से बचाव संभव है और स्वस्थ जीवनयापन किया जा सकता है।