लखनऊ: भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबिन के दो दिवसीय लखनऊ दौरे ने उत्तर प्रदेश की सियासत में हलचल तेज कर दी है। पार्टी ने उनके पहले संगठनात्मक दौरे को शक्ति प्रदर्शन के साथ-साथ सामाजिक समरसता का संदेश देने का अवसर बनाया। चौधरी चरण सिंह अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट से बीजेपी प्रदेश मुख्यालय तक उनके रोड शो के दौरान 41 स्वागत स्थल बनाए गए, जहां 25 विभिन्न जातियों और सामाजिक वर्गों के प्रतिनिधियों ने उनका स्वागत किया। पार्टी का उद्देश्य आगामी 2027 विधानसभा चुनाव से पहले सभी वर्गों को संगठन से जोड़ने और सामाजिक समीकरणों को मजबूत करने का संदेश देना है।
राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबिन का स्वागत एयरपोर्ट पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, प्रदेश बीजेपी अध्यक्ष पंकज चौधरी और पार्टी के वरिष्ठ नेताओं ने किया। इसके बाद उनका काफिला निर्धारित मार्ग से प्रदेश मुख्यालय की ओर रवाना हुआ। इस दौरान विभिन्न स्थानों पर कार्यकर्ताओं ने पुष्पवर्षा और माल्यार्पण कर उनका अभिनंदन किया। कार्यक्रम के तहत पंडित दीनदयाल उपाध्याय की प्रतिमा पर माल्यार्पण भी किया गया।
स्वागत कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए पार्टी ने व्यापक स्तर पर तैयारियां की थीं। लखनऊ नगर निगम के 110 पार्षदों की 30 टीमें बनाकर अलग-अलग क्षेत्रों की जिम्मेदारी सौंपी गई। पूरे मार्ग पर कार्यकर्ताओं की मानव श्रृंखला बनाई गई, ताकि अनुशासित और भव्य स्वागत के माध्यम से संगठन की मजबूती और कार्यकर्ताओं की सक्रियता का प्रदर्शन किया जा सके।
अपने दो दिवसीय प्रवास के दौरान नितिन नबिन संगठन से जुड़े कई महत्वपूर्ण कार्यक्रमों में हिस्सा लेंगे। वह प्रदेश पदाधिकारियों, सांसदों, विधायकों, जिला अध्यक्षों, एनडीए सहयोगी दलों के नेताओं और बूथ स्तर के कार्यकर्ताओं के साथ बैठक करेंगे। इन बैठकों में संगठन की मजबूती, बूथ प्रबंधन और 2027 विधानसभा चुनाव की रणनीति पर विस्तार से चर्चा की जाएगी। शाम को उनका मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के साथ रात्रिभोज का भी कार्यक्रम निर्धारित है।
उत्तर प्रदेश सरकार में मंत्री भूपेंद्र चौधरी ने बताया कि राष्ट्रीय अध्यक्ष का यह दौरा संगठन के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। उनके अनुसार, नितिन नबिन पार्टी पदाधिकारियों और जनप्रतिनिधियों से संवाद करेंगे तथा कार्यकर्ताओं से सीधे बातचीत कर उन्हें आगामी चुनावी तैयारियों के लिए प्रेरित करेंगे। उन्होंने कहा कि इस दौरे से पार्टी कार्यकर्ताओं में नई ऊर्जा का संचार होगा और संगठन को जमीनी स्तर पर और अधिक मजबूती मिलेगी।
राजनीतिक जानकारों के अनुसार, 41 स्वागत स्थलों पर 25 अलग-अलग जातियों और सामाजिक वर्गों की भागीदारी के जरिए बीजेपी ने सामाजिक प्रतिनिधित्व और व्यापक जनसंपर्क का संदेश देने का प्रयास किया है। माना जा रहा है कि पार्टी विधानसभा चुनाव 2027 को ध्यान में रखते हुए संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत करने और सभी वर्गों के बीच अपनी पकड़ और सशक्त बनाने की दिशा में सक्रियता बढ़ा रही है।

