संपूर्ण भारत के लिए आज का दिन बेहद गौरवशाली है। भारतीय वायुसेना के ग्रुप कैप्टन शुभांशु शुक्ला आज Axiom-4 मिशन के तहत अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (ISS) के लिए उड़ान भरने जा रहे हैं। राकेश शर्मा के 1984 के मिशन के बाद यह अंतरिक्ष में जाने वाले दूसरे भारतीय होंगे। वहीं, ISS पर जाने वाले पहले भारतीय बनने का इतिहास भी रचने जा रहे हैं। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में इस ऐतिहासिक पल को लेकर गजब का उत्साह है। शुभांशु शुक्ला का घर त्रिवेणी नगर क्षेत्र में है, जहां सुबह से ही जश्न का माहौल है। आसपास की गलियों से लेकर मुख्य सड़कों तक, शुभांशु के पोस्टर हर जगह नजर आ रहे हैं। पूरा शहर अपने होनहार बेटे की इस उपलब्धि पर गर्व महसूस कर रहा है।
इस खास मौके पर शुभांशु शुक्ला के पिता शंभू दयाल शुक्ला ने मीडिया टीम से बातचीत में भावुक होते हुए कहा, “यह सिर्फ हमारे परिवार के लिए नहीं, पूरे लखनऊ और देश के लिए गर्व का क्षण है। हम सुबह से टीवी पर नजरें गड़ाए बैठे हैं। हमें गर्व है कि हमारा बेटा अंतरिक्ष में जा रहा है।” इसके साथ ही उन्होंने एक खास बात कहते हुए अपनी बहू की सराहना की “अगर बहू का साथ न होता, तो ये सब कभी मुमकिन नहीं हो पाता। उसने घर-परिवार की जिम्मेदारियां बखूबी निभाईं और शुभांशु को निश्चिंत रखा। आज जो भी कुछ है, उसमें उसकी अहम भूमिका है।” NASA के कैनेडी स्पेस सेंटर से भारतीय समयानुसार 25 जून दोपहर 12 बजे के करीब Axiom-4 मिशन को SpaceX के Falcon 9 रॉकेट से लॉन्च किया जाएगा। इस मिशन में शुभांशु पायलट की भूमिका में हैं। उनके साथ अमेरिका, पोलैंड और हंगरी के अन्य तीन अंतरिक्ष यात्री भी ISS के लिए रवाना होंगे।
शंभू दयाल ने आगे कहा, “हम भगवान से प्रार्थना कर रहे हैं कि बेटा सफल होकर लौटे। पूरा देश उसे देख रहा है। हमें गर्व है कि त्रिवेणी नगर से निकला एक नौजवान अब सितारों के बीच पहुंच रहा है।” शुभांशु की ये यात्रा न सिर्फ भारत के लिए, बल्कि उनके परिवार और शहर लखनऊ के लिए भी एक प्रेरणादायक क्षण है, जिसे सालों तक याद रखा जाएगा।

