Posted By : Admin

असम में बरामद 182 किलो का बम निष्क्रिय, इतिहास में द्वितीय विश्व युद्ध से था कनेक्शन

असम के लखीमपुर जिले में गुरुवार को द्वितीय विश्व युद्ध के समय का 182 किलोग्राम वजनी बम निष्क्रिय कर दिया गया। अधिकारियों के अनुसार, यह बम पिछले वर्ष झिली नदी के किनारे मिला था।

झिली नदी के पास हुआ था बम का पता

लखीमपुर जिले के उपायुक्त प्रणब जित काकोटी ने बताया कि भारतीय वायुसेना ने 27 सितंबर 2024 को झिली नदी के किनारे इस बम की खोज की थी। उस समय यह बम सक्रिय स्थिति में था। सुरक्षा के मद्देनजर इसे दुलुंग रिजर्व फॉरेस्ट में विशेषज्ञों की मदद से निष्क्रिय किया गया।

सावधानीपूर्वक उठाए गए कदम

वन विभाग के अधिकारी मनोज कुमार गोस्वामी ने बताया कि बम निष्क्रिय करने की प्रक्रिया के दौरान वन्यजीवों और स्थानीय लोगों की सुरक्षा को ध्यान में रखा गया। इसके तहत करीब 3.5 किलोमीटर के दायरे में क्षेत्र को खाली कराया गया था। उन्होंने इसे एक सफल अभियान बताया, जिसमें कोई अप्रिय घटना नहीं हुई।

चेन्नई से आतंकवादी संगठन का सदस्य गिरफ्तार

इस बीच, असम के विशेष कार्य बल (एसटीएफ) ने आंध्र प्रदेश और तमिलनाडु पुलिस की सहायता से चेन्नई में एक कट्टरपंथी आतंकवादी को गिरफ्तार किया है। एसटीएफ के महानिरीक्षक पार्थसारथी महंत के अनुसार, ‘ऑपरेशन प्रघात’ के तहत इस कार्रवाई को अंजाम दिया गया।

गिरफ्तार व्यक्ति की पहचान असम के धुबरी जिले के बिलासीपारा क्षेत्र के खुदीगांव भाग-2 निवासी अबू सलाम अली के रूप में हुई है। एसटीएफ उपाधीक्षक सत्येंद्र सिंह हजारी के नेतृत्व में यह ऑपरेशन चलाया गया। अधिकारियों का दावा है कि इस व्यक्ति के संबंध पहले से गिरफ्तार किए गए कोकराझार और धुबरी के कुछ संदिग्धों से भी हैं।

Share This