उत्तर प्रदेश के औद्योगिक शहर कानपुर में घर बनाने के लिए भूखंड का इंतजार कर रहे लोगों के लिए खुशखबरी है। कानपुर विकास प्राधिकरण (केडीए) ने भूमाफिया से मुक्त कराई गई जमीनों पर टाउनशिप विकसित करने की योजना बनाई है। इससे शहरवासियों को आवासीय भूखंड मिल सकेंगे और उनका आशियाने का सपना पूरा हो सकेगा।
सागरपुरी विस्तार योजना में मिलेंगे 108 भूखंड
केडीए ने सागरपुरी विस्तार योजना के तहत 108 भूखंड तैयार करने का काम शुरू कर दिया है। इसके तहत 15,000 वर्गमीटर भूमि को विकसित किया जाएगा। इस योजना में मध्यमवर्गीय परिवारों का विशेष ध्यान रखा गया है, इसलिए 60 और 72 वर्गमीटर के भूखंड उपलब्ध कराए जाएंगे। इसके अलावा, 200 वर्गमीटर के तीन कॉमर्शियल भूखंड भी प्रस्तावित हैं। टाउनशिप को लखनऊ की विस्तार कंपनी विकसित करेगी और इसमें दो पार्क भी बनाए जाएंगे, ताकि निवासियों को बेहतर वातावरण मिल सके।
इंदिरा नगर और हाईवे सिटी में भी उपलब्ध होंगे भूखंड
केडीए ने इंदिरा नगर और हाईवे सिटी विस्तार योजना के तहत भी 95 भूखंड उपलब्ध कराने का निर्णय लिया है। ये भूखंड 225, 162 और 112.50 वर्गमीटर के होंगे और ई-लॉटरी प्रक्रिया के माध्यम से दिए जाएंगे। इसके अलावा, इस योजना में दो कॉमर्शियल भूखंड भी शामिल किए गए हैं।
ई-ऑक्शन प्रक्रिया और पंजीकरण
इन भूखंडों के लिए ई-ऑक्शन के जरिए बोली लगाई जाएगी। इच्छुक लोग 24 फरवरी से 10 मार्च तक ऑनलाइन पंजीकरण कर सकते हैं और इस दौरान बोली भी लगा सकते हैं।
केडीए सचिव का बयान
केडीए के सचिव अभय कुमार पांडेय ने जानकारी दी कि भूमाफिया से खाली कराई गई जमीनों पर आवासीय भूखंड विकसित किए जाएंगे, ताकि अधिक से अधिक लोगों को घर बनाने का मौका मिल सके। सागरपुरी विस्तार योजना पर काम शुरू हो चुका है, जबकि इंदिरा नगर और हाईवे सिटी योजना के तहत भूखंड निकाले जा चुके हैं।
निष्कर्ष
इस योजना से कानपुर के उन लोगों को बड़ा लाभ मिलेगा, जो लंबे समय से भूखंड का इंतजार कर रहे थे। केडीए की यह पहल आवासीय विकास को बढ़ावा देगी और शहरवासियों को बेहतर माहौल में घर बनाने का अवसर देगी।

