नेपाल के प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली का इस्तीफा मंजूर हो गया है, लेकिन उन्हें तब तक पद पर बने रहने को कहा गया है जब तक नई व्यवस्था नहीं बन जाती। इस बीच देश में राजनीतिक अस्थिरता जारी है और अगले प्रधानमंत्री के लिए कई नाम चर्चा में हैं।
मौजूदा राजनीतिक संकट के बीच तीन प्रमुख दावेदार सबसे आगे हैं: काठमांडू के युवा मेयर बालेन शाह, पूर्व गृह मंत्री और राष्ट्रीय स्वतंत्र पार्टी के संस्थापक रबी लामिछाने, और अनुभवी नेता दुर्गा प्रसाई। इन तीनों को नेपाल की युवा पीढ़ी और राजनीतिक परिदृश्य में काफी समर्थन मिला है।
बालेन शाह, जो पहले एक रैपर और कवि रह चुके हैं, 2022 में काठमांडू के मेयर चुने गए। वे भ्रष्टाचार और सामाजिक असमानता के खिलाफ मुखर हैं और युवा आंदोलन का समर्थन करते हैं। वहीं, रबी लामिछाने ने 2022 में राष्ट्रीय स्वतंत्र पार्टी की स्थापना की और उन्होंने संसद में विपक्षी भूमिका निभाई है। वे भी युवाओं में काफी लोकप्रिय हैं।
दुर्गा प्रसाई एक अनुभवी राजनेता हैं जो समृद्ध अनुभव के साथ राजनीतिक संतुलन स्थापित कर सकते हैं। हालांकि युवा नेताओं की बढ़ती लोकप्रियता के कारण वे थोड़ा पीछे हैं।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि नेपाल के राजनीतिक भविष्य को लेकर अभी कुछ कहना जल्दबाजी होगी क्योंकि देश में प्रदर्शनों और अस्थिरता के कारण संवैधानिक प्रक्रिया को पूरा होना बाकी है। सेना ने फिलहाल देश की सुरक्षा और शांति बनाए रखने की जिम्मेदारी संभाल रखी है।
नेपाल के राष्ट्रपति राम चंद्र पौडेल ने इस्तीफा देने के बाद भी ओली को पद पर बने रहने को कहा है ताकि संवैधानिक वैधानिक आधार पर नया प्रधानमंत्री चुना जा सके। इस बीच सरकार बनाने की प्रक्रिया और राजनीतिक दलों के बीच वार्ता जारी हैं।

