बेंगलुरु (कर्नाटक)। राजधानी बेंगलुरु के सुंकदकट्टे बस स्टैंड पर सोमवार सुबह एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई, जिसमें 35 वर्षीय लोहिताश्व ने अपनी 32 वर्षीय पत्नी रेखा को एक दर्जन से अधिक बार चाकू से गोदकर मौत के घाट उतार दिया। यह घटना इतना थी, कि उनकी 13 वर्षीया बेटी भी इस क्रूर वारदात की चश्मदीद गवाह बनी।
पुलिस के मुताबिक,रेखा और लोहिताश्व की शादी महज तीन महीने पहले हुई थी। दोनों की पहली शादी से बच्चे थे। रेखा कॉल सेंटर में कार्यरत थीं, जबकि लोहिताश्व कैब ड्राइवर थे। दोनों की मुलाकात दोस्तों के जरिए हुई और डेढ़ साल के प्रेम-प्रसंग के बाद शादी हुई। हालांकि शादी के बाद से ही दोनों के बीच वैवाहिक कलह जारी थी।
पुलिस ने बताया कि घटना वाले दिन भी दोनों में तीखा विवाद हुआ। रेखा अपनी बेटी के साथ बस स्टैंड पर थी, तो लोहिताश्व वहां पहुंचा। बातचीत विवाद में तब्दील हो गई। जब बेटी ने पिता को समझाने की कोशिश की तो गुस्साए पति ने अपने जेब से चाकू निकाला और सरेआम अपनी पत्नी पर हमला किया। चोटों के कारण रेखा की मौके पर ही मौत हो गई।
पुलिस ने हत्या का केस दर्ज कर आरोपी को पकड़ने के प्रयास तेज़ कर दिए हैं। लोहिताश्व अभी फरार है और उसे पकड़ने के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। पुलिस ने बताया कि यह मामला घरेलू कलह और शक की भावना से प्रेरित पाया गया है।
यह घटना के बाद पूरे इलाके में सनसनी मचा गई है। लोग इस बर्बरता की निंदा कर रहे हैं और पुलिस से शीघ्र कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।

