कांग्रेस सांसद राहुल गांधी के “वोट चोरी” के आरोपों पर हरियाणा चुनाव आयोग अब औपचारिक जवाब तैयार कर रहा है। केंद्रीय चुनाव आयोग (ईसीआई) ने इस मामले में हरियाणा के मुख्य निर्वाचन अधिकारी ए. श्रीनिवास से विस्तृत रिपोर्ट मांगी है। राहुल गांधी ने हाल ही में दावा किया था कि भाजपा से जुड़े कुछ लोग उत्तर प्रदेश और हरियाणा, दोनों जगहों पर मतदान कर रहे हैं। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि मकान नंबर जीरो वाले पते पर दर्ज मतदाताओं में अनियमितता है, और कई ऐसे लोग वोट डाल रहे हैं जो रिकॉर्ड में बेघर बताए गए हैं लेकिन वास्तव में बड़े घरों में रहते हैं।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी ए. श्रीनिवास ने इस संबंध में उन जिलों के निर्वाचन अधिकारियों से रिपोर्ट मांगी है, जहां राहुल गांधी ने कथित गड़बड़ियों का जिक्र किया है। उम्मीद है कि केंद्रीय चुनाव आयोग बुधवार तक इस मामले पर बिंदुवार जवाब जारी करेगा। इससे पहले भी अगस्त महीने में जब राहुल गांधी ने ऐसे ही आरोप लगाए थे, तब हरियाणा चुनाव आयोग ने उन्हें नोटिस भेजकर प्रमाण मांगे थे। श्रीनिवास ने कहा कि मतदाता सूची तैयार करने की हर प्रक्रिया में सभी राजनीतिक दलों की भागीदारी सुनिश्चित की जाती है और सुधार के लिए पर्याप्त समय और अवसर दिया जाता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि वोट चोरी जैसी किसी घटना की अब तक पुष्टि नहीं हुई है।
उधर, हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सैनी ने राहुल गांधी के बयानों को झूठा और भ्रामक बताया। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी लोकतांत्रिक संस्थाओं की गरिमा पर हमला कर रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि गांधी परिवार ने दशकों तक देश पर शासन किया, लेकिन अब राजनीति के लिए झूठ फैलाया जा रहा है।
राहुल गांधी ने प्रेस वार्ता में कहा कि हरियाणा, महाराष्ट्र और कर्नाटक में वोटिंग में गड़बड़ियां हुई हैं और ऐसा ही पैटर्न बिहार चुनाव में भी दोहराया जा सकता है। उन्होंने भाजपा पर मतदाता सूचियों में हेरफेर और दोहरी वोटिंग को बढ़ावा देने का आरोप लगाया।
अब सबकी नजरें केंद्रीय चुनाव आयोग की रिपोर्ट पर टिकी हैं, जिसमें राहुल गांधी के आरोपों पर बिंदुवार जवाब दिया जाएगा। यह रिपोर्ट तय करेगी कि कांग्रेस के दावों में कितनी सच्चाई है और हरियाणा प्रशासन ने मतदाता सूची के प्रबंधन में कितनी पारदर्शिता बरती है।

