बिहार विधानसभा के बजट सत्र के दौरान शुक्रवार को सियासी माहौल उस समय गरमा गया, जब पूर्णिया सांसद पप्पू यादव की गिरफ्तारी और NEET छात्रा की मौत को लेकर कांग्रेस विधायकों ने जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। सत्र के पांचवें दिन सदन की कार्यवाही शुरू होने से पहले ही विपक्ष ने विधानसभा पोर्टिको में नारेबाजी कर सरकार पर राजनीतिक बदले और संवेदनहीनता के आरोप लगाए, जिससे पूरे परिसर में तनाव का माहौल बन गया।
कांग्रेस विधायकों ने पप्पू यादव की गिरफ्तारी को लोकतांत्रिक आवाज को दबाने की कोशिश बताया। प्रदर्शन के दौरान चनपटिया से कांग्रेस विधायक अभिषेक रंजन खास अंदाज में नजर आए। वे ‘आज जेल होई, कल बेल होई, परसो से वही खेल होई’ लिखा हुआ टी-शर्ट पहनकर विधानसभा पहुंचे। उनका कहना था कि पप्पू यादव के खिलाफ की गई कार्रवाई पूरी तरह राजनीतिक है और कांग्रेस इस मुद्दे पर उनके साथ मजबूती से खड़ी है।
प्रदर्शन के दौरान NEET छात्रा की मौत का मामला भी प्रमुखता से उठाया गया। कांग्रेस विधायकों ने आरोप लगाया कि सरकार इस गंभीर मामले में संवेदनशीलता दिखाने में विफल रही है। नारेबाजी के चलते कुछ समय तक विधानसभा परिसर में अफरा-तफरी की स्थिति बनी रही और कार्यवाही पर भी इसका असर पड़ा।
इस दौरान कांग्रेस विधायक कमरुल होदा ने सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि बिहार में लोकतंत्र नहीं, बल्कि राजतंत्र चल रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि जो भी सरकार से सवाल पूछता है या विरोध करता है, उसे दबाने की कोशिश की जाती है। विपक्ष ने साफ संकेत दिए कि पप्पू यादव की गिरफ्तारी और NEET मामले को वह सदन के अंदर भी जोर-शोर से उठाएगा।
हंगामे के बीच विधानसभा में बजट 2026–27 पर चर्चा की शुरुआत होनी है। साथ ही वित्तीय वर्ष 2025–26 का तीसरा सप्लीमेंट्री बजट भी सदन के पटल पर रखा जाएगा। सरकार की ओर से कहा गया है कि सत्र के दूसरे हिस्से में सभी वित्तीय कार्य पूरे किए जाएंगे, लेकिन विपक्ष के आक्रामक रुख को देखते हुए कार्यवाही सुचारू रूप से चलना चुनौतीपूर्ण माना जा रहा है।
गौरतलब है कि इससे पहले भी बजट सत्र के दौरान सदन का माहौल कई बार गर्म हो चुका है। चौथे दिन प्रभारी स्वास्थ्य मंत्री प्रमोद चंद्रवंशी के एक बयान को लेकर सरकार को आलोचना का सामना करना पड़ा था, जबकि तीसरे दिन मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव के बीच तीखी बहस ने सुर्खियां बटोरी थीं। राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा के दौरान नीतीश कुमार के आरोपों और तेजस्वी यादव की प्रतिक्रिया से सदन में तनाव और बढ़ गया था।
पप्पू यादव की गिरफ्तारी, NEET छात्रा का मामला और बजट पर चर्चा—इन तीनों मुद्दों ने साफ कर दिया है कि आने वाले दिनों में बिहार विधानसभा में सियासी टकराव और तेज होने वाला है। विपक्ष सरकार को लगातार घेरने के मूड में दिख रहा है, वहीं सत्ता पक्ष के लिए सत्र को सुचारू रूप से चलाना एक बड़ी चुनौती बनता नजर आ रहा है।

