उत्तर प्रदेश के आगरा में स्थित जामा मस्जिद में मांस रखने के मामले ने जोर पकड़ लिया है। इस मामले में आरोपी नजरुद्दीन को पुलिस ने शुक्रवार को गिरफ्तार किया था और अब उसे रिमांड में लेने की तैयारी की जा रही है। आरोपी को मस्जिद में मांस का पैकेट रखते हुए सीसीटीवी कैमरे में देखा गया था।
परिवार का दावा – मानसिक रूप से कमजोर है नजरुद्दीन
नजरुद्दीन की मां रुखसाना ने अपने बेटे के बचाव में कहा है कि वह मानसिक रूप से अस्थिर है। उन्होंने बताया कि उसकी पत्नी उसे ‘गुलाम’ कहकर अपमानित करती थी। कुछ हफ्ते पहले उसने अपने पिता से झगड़ा किया था, जिसके बाद उसके ही भाई ने उसे थप्पड़ मार दिया था। रुखसाना के मुताबिक, नजरुद्दीन ने तभी गुस्से में कहा था कि वह सबको सबक सिखाएगा और अब उसने यह गलत कदम उठाया है।
पुलिस की कार्रवाई और जांच
पुलिस उपायुक्त (नगर) सोनम कुमार ने जानकारी दी है कि नजरुद्दीन से पूछताछ के लिए कोर्ट में रिमांड की मांग की जाएगी। साथ ही पुलिस यह भी जांच कर रही है कि इस घटना में नजरुद्दीन के अलावा कोई और व्यक्ति शामिल था या नहीं।
क्या है पूरा मामला?
घटना गुरुवार रात की है, जब आगरा की जामा मस्जिद में किसी ने पशु मांस रख दिया। सुबह जब ये बात सामने आई तो इलाके में तनाव फैल गया। सीसीटीवी फुटेज में नजरुद्दीन को मांस का पैकेट रखते हुए देखा गया, जिसके आधार पर उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
घटना की जानकारी मिलते ही लोगों में आक्रोश फैल गया और बड़ी संख्या में प्रदर्शनकारी मस्जिद के बाहर इकट्ठा हो गए। भीड़ ने आरोपी को कड़ी सजा देने की मांग की, कुछ लोगों ने फांसी की मांग भी की। हालात बिगड़ते देख पुलिस को बल प्रयोग करना पड़ा और इलाके में सुरक्षा बढ़ा दी गई।
इस तरह की संवेदनशील घटनाओं को देखते हुए पुलिस हर पहलू से जांच कर रही है ताकि किसी भी तरह की अफवाह या गलत सूचना के कारण हालात और न बिगड़ें।

