उत्तर प्रदेश के गोंडा जिले में एक अवैध पटाखा फैक्ट्री में विस्फोट में एक और मौत के साथ मरने वालों की संख्या बढ़कर तीन हो गई है।
इस मामले में लापरवाही के आरोप में रगड़गंज पुलिस चौकी प्रभारी समेत तीन पुलिसकर्मियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है. साथ ही अवैध पटाखा फैक्ट्री संचालित करने के मामले में तरबगंज थाने में एफआईआर दर्ज की गई है. रगड़गंज गांव में मोहम्मद फारूक नाम के शख्स के घर में अवैध रूप से बनी पटाखा बनाने की फैक्ट्री में सोमवार को जोरदार विस्फोट हो गया. इस घटना में आकाश (15) और लल्लू (30) की मौत हो गई।
पुलिस अधीक्षक विनीत जयसवाल ने मंगलवार को बताया कि घायल अयाज मोहम्मद उर्फ तुफान (17) की सोमवार देर रात लखनऊ में इलाज के दौरान मौत हो गई. इसके साथ ही इस घटना में मरने वालों की संख्या तीन हो गई है. उन्होंने बताया कि गंभीर रूप से घायल इश्तियाक (40) और कृष्ण कुमार (24) का इलाज लखनऊ के श्यामा प्रसाद मुखर्जी अस्पताल में चल रहा है और उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है.
पुलिस अधीक्षक ने बताया कि इस मामले में तरबगंज थाने में उपनिरीक्षक सुभाष विश्वकर्मा की तहरीर पर इशहाक, अय्यूब उर्फ लल्लू, आकाश उर्फ छोटू, कृष्ण कुमार, अयाज उर्फ तुफान, आजाद तथा कई अज्ञात लोगों पर विस्फोटक पदार्थ अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है. धारा तीन/चार/पांच के तहत एफआईआर दर्ज की गई है.
उन्होंने बताया कि इन सभी पर मुख्य गेट बंद कर पिछले दरवाजे से एक घर में प्रवेश करने और अवैध रूप से विस्फोटक पटाखे बनाने का आरोप है.
जायसवाल ने बताया कि इस मामले में रगड़गंज थाना प्रभारी सुनील तिवारी और बीट कांस्टेबल गौरव मिश्रा और कृष्ण कुमार को कर्तव्य में लापरवाही बरतने के आरोप में तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है. उन्होंने बताया कि घटना के बाद जिलाधिकारी नेहा शर्मा के निर्देश पर जिले में पटाखा फैक्ट्री की जांच के लिए अभियान शुरू किया गया.

