मुंबई के घाटकोपर में होर्डिंग गिरने के मामले में मुख्य आरोपी अरशद खान को मुंबई पुलिस ने लखनऊ से गिरफ्तार कर लिया है। अरशद खान पिछले सात महीनों से फरार था।
यह घटना 13 मई को घटित हुई थी, जब आंधी-तूफान के कारण एक विशाल होर्डिंग गिर गई। इस दुर्घटना में 17 लोगों की मौत हो गई थी और 50 से अधिक लोग घायल हो गए थे। जांच में यह भी सामने आया कि होर्डिंग को राजकीय रेलवे पुलिस (जीआरपी) की ज़मीन पर अवैध रूप से स्थापित किया गया था। पुलिस ने पाया कि एक मीडिया कंपनी ने अरशद खान के संपर्क में आने वाले व्यक्तियों के बैंक खातों में 82 लाख रुपये ट्रांसफर किए थे।
अरशद खान आईपीएस अधिकारी कैसर खालिद के कारोबारी सहयोगी हैं। कैसर खालिद पर आरोप है कि उन्होंने रेलवे की ज़मीन पर होर्डिंग लगाने की अनुमति दी थी। उस समय खालिद जीआरपी के आयुक्त थे, और उन्हें लापरवाही के कारण निलंबित किया गया था। पुलिस के अनुसार, अरशद खान ने अपना प्रारंभिक बयान दर्ज कराया, लेकिन SIT के सामने पेश नहीं हुआ। इसके बाद से पुलिस उसकी तलाश कर रही थी।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, अरशद खान को रविवार शाम लखनऊ से गिरफ्तार किया गया। इस होर्डिंग को एगो मीडिया प्राइवेट लिमिटेड ने लगाया था, और इस कंपनी ने विभिन्न खातों से 22 बार लेन-देन किया था। अधिकारियों का कहना है कि ये लेन-देन उस समय किए गए जब कैसर खालिद जीआरपी आयुक्त थे। इस ट्रांजेक्शन में कुल 82 लाख रुपये 16 विभिन्न बैंक खातों में भेजे गए थे। पुलिस अब इस मामले की जांच कर रही है।

