रामलला के मुख्य पुजारी आचार्य सत्येंद्र दास (87) को ब्रेन स्ट्रोक के बाद लखनऊ के संजय गांधी पोस्ट ग्रेजुएट इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (एसजीपीजीआई) में भर्ती किया गया है। उनकी हालत अभी भी गंभीर बनी हुई है।
रविवार की रात अचानक उनकी तबियत बिगड़ी, जिसके बाद उन्हें पहले दर्शननगर मेडिकल कॉलेज में भर्ती किया गया। हालत में और बिगाड़ को देखते हुए उन्हें लखनऊ रेफर किया गया। पहले उन्हें एक निजी अस्पताल हर्षण संस्थान में ले जाया गया, लेकिन स्थिति में सुधार न होने पर पीजीआई में भर्ती किया गया।
पीजीआई प्रशासन के अनुसार, उनकी हालत नाजुक बनी हुई है और उन्हें अब न्यूरोलॉजी वार्ड के एचडीयू (हाई डिपेंडेंसी यूनिट) में विशेषज्ञ डॉक्टरों की निगरानी में रखा गया है। आचार्य सत्येंद्र दास को मधुमेह और उच्च रक्तचाप जैसी बीमारियों का भी सामना है, हालांकि फिलहाल उनकी स्थिति स्थिर है।
आचार्य सत्येंद्र दास ने 1992 से रामलला की सेवा शुरू की थी और बाबरी विध्वंस से लेकर राम मंदिर निर्माण तक की ऐतिहासिक घटनाओं के साक्षी रहे हैं। उन्होंने टेंट में विराजमान रामलला से लेकर अब भव्य मंदिर में उनकी सेवा करने का सौभाग्य प्राप्त किया है।
राम मंदिर के सहायक पुजारी और उनके शिष्य प्रदीप दास के मुताबिक, आचार्य सत्येंद्र दास की तबियत खराब होने से मंदिर प्रशासन और भक्तों में चिंता का माहौल है। सभी लोग उनके शीघ्र स्वस्थ होने की कामना कर रहे हैं।

