मैनपुरी, यूपी में एक अस्थायी शिक्षिका के साथ बड़ा धोखा हो गया। उसे स्थायी नौकरी दिलाने का झांसा देकर स्कूल के प्रबंधक और उसके सहयोगियों ने 18 लाख रुपये ठग लिए। शिक्षिका का आरोप है कि पुलिस ने उसकी शिकायत दर्ज नहीं की, जिसके बाद उसने न्यायालय का दरवाजा खटखटाया। कोर्ट के आदेश पर पुलिस ने चार आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है और जरूरत पड़ने पर आरोपियों की गिरफ्तारी की जाएगी।
मामला मैनपुरी की रहने वाली सोनम पत्नी स्व. ललितमोहन यादव का है, जो अपनी दो बेटियों की परवरिश के लिए सच्चिदानंद जूनियर हाईस्कूल, खानपुर, सौरिख (जनपद कन्नौज) में अस्थायी शिक्षिका के रूप में कार्यरत थीं। विद्यालय के तत्कालीन प्रबंधक जयवीर सिंह (पुत्र वंशलाल) ने उन्हें स्थायी शिक्षिका बनाने का भरोसा देकर 18 लाख रुपये ऐंठ लिए। इस दौरान उसका बेटा समीर और दो अन्य लोग – अतुल (पुत्र संतोष, निवासी धीरपुर, मोहम्मदाबाद, फर्रुखाबाद) और दीपक (पुत्र रामौतार, निवासी बगिया, थाना बेवर) भी शामिल थे।
6 अगस्त 2021 को शिक्षिका को एक नियुक्ति पत्र सौंपा गया, लेकिन जब उसने जांच करवाई तो वह फर्जी निकला। वेतन न मिलने और ठगी का एहसास होने पर जब शिक्षिका ने अपने पैसे वापस मांगे, तो आरोपी धमकी देने लगे। एसपी से शिकायत करने के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं हुई। आखिरकार, कोर्ट के निर्देश पर पुलिस ने चारों आरोपियों – जयवीर, समीर, अतुल और दीपक – के खिलाफ धोखाधड़ी की धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है।जांच जारी है, और पुलिस का कहना है कि सबूतों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

